गिरिडीह. राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत मंगलवार को प्रखंड के कर्णपुरा स्थित आंगनबाड़ी सेंटर से अभियान का शुभारम्भ किया गया। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि जिला की उप विकास आयुक्त स्मृता कुमारी शामिल हुई और विधिवत अभियान का उद्घाटन किया गया। मौके पर डीडीसी ने कहा कि फाइलेरिया की दवा को फेंके नहीं बल्कि दवाओं को जरूर खाएं। क्योंकि दवा ही फाइलेरिया उन्मूलन का एक मात्र उपाय है। उन्होंने कहा कि मच्छर के काटने के बाद तुरंत यह बीमारी नहीं बढ़ती मगर कुछ समय बाद इसका प्रभाव बढ़ने लगता है। इस बीमारी से बचने के लिए फाइलेरिया का डोज लेना जरूरी है। उन्होंने लोगों को दवाओं के सेवन करने की नसीहत दी। मौके पर उन्होंने फाइलेरिया की दवा खिलाने के लिए डोर टू डोर जाकर लोगों को प्रेरित करने का निर्देश आंगन बाड़ी सेंटर की सेविकाओं को दिया। कार्यक्रम में बताया गया कि फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत 10 फरवरी से 25 फरवरी तक स्वास्थ्य विभाग द्वारा विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के तहत स्वास्थ्य कर्मी एवं आबा सेंटर की सेविका एवं सहायिका घर घर जाकर फाइलेरिया की दवा उपलब्ध कराएंगी। कार्यक्रम में प्रखंड प्रमुख मीना देवी, बीडीओ सुनील कुमार मुर्मू, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ महेश गुप्ता, स्थानीय मुखिया राजेंद्र प्रसाद वर्मा, जिला मलेरिया पदाधिकारी आर पी दास, नीरज कुमार, बीपीएम अरविंद कुमार, इंद्रदेव कुमार, संजीव कुमार, सौरभ कुमार, अनिल कुमार गुप्ता के अलावे सेविका , सहायिका, सहिया दीदी, पंचायत प्रतिनिधि सहित कई अन्य लोग उपस्थित थे।
