हैदराबाद. तेलंगाना में नक्सल विरोधी अभियान के तहत सुरक्षा बलों को एक ऐतिहासिक सफलता मिली है. राज्य के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी की उपस्थिति में शनिवार, 7 मार्च 2026 को प्रतिबंधित कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (माओवादी) के 130 कैडरों ने औपचारिक रूप से आत्मसमर्पण कर दिया. इन कैडरों ने पुलिस को 124 आधुनिक हथियार सौंपे, जिनमें 31 AK-47, 21 इंसास (INSAS) और 20 एसएलआर (SLR) राइफलें शामिल हैं. तेलंगाना के पुलिस महानिदेशक (DGP) बी शिवधर रेड्डी ने बताया कि समर्पित किए गए अधिकांश हथियार पूर्व में पुलिस बलों से लूटे गए थे.
इस आत्मसमर्पण में संगठन के दो सबसे वरिष्ठ और प्रभावशाली चेहरे—पोलित ब्यूरो सदस्य तिप्पिरी तिरुपति उर्फ देवूजी और केंद्रीय समिति सदस्य मल्ला राजिरेड्डी उर्फ संग्राम शामिल हैं. 62 वर्षीय देवूजी, जो चार दशकों से भूमिगत थे, माओवादी संगठन के मुख्य रणनीतिकार और केंद्रीय सैन्य आयोग (CMC) के प्रमुख माने जाते थे. वहीं, 76 वर्षीय राजिरेड्डी पिछले 46 वर्षों से आंदोलन का हिस्सा थे. इन शीर्ष नेताओं के मुख्यधारा में आने से माओवादी संगठन का शीर्ष ढांचा लगभग ध्वस्त हो गया है.
