सारंडा में नक्सलियों का बारूद बना वन्यजीवों का काल; आईईडी ब्लास्ट में दंतैल हाथी गंभीर रूप से घायल, हालत नाजुक

झारखंड

चाईबासा. झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले के सारंडा वन प्रमंडल अंतर्गत मनोहरपुर प्रखंड में एक बार फिर नक्सलियों द्वारा बिछाए गए आईईडी (IED) ने वन्यजीवों को निशाना बनाया है। ताजा घटना में एक विशाल जंगली दंतैल हाथी आईईडी विस्फोट की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गया है। घटना जराइकेला थाना क्षेत्र के कोलबोंगा गांव के पास अंकुआ कंपार्टमेंट संख्या-48 के घने जंगल की बताई जा रही है।

मछली पकड़ने गए ग्रामीणों ने देखा

घायल हाथी को रविवार शाम जंगल में मछली पकड़ने गए कुछ स्थानीय लोगों ने देखा। हाथी के एक पैर में गंभीर चोटें आई हैं और वह चलने-फिरने में पूरी तरह असमर्थ है। ग्रामीणों की सूचना पर वन विभाग की टीम हरकत में आई और मौके पर पहुंचकर हाथी की स्थिति का जायजा लिया।

सुरक्षा बलों के लिए बिछाया गया था जाल

वन विभाग के सूत्रों के अनुसार, दो दिन पहले चिरिया ओपी क्षेत्र के पोंगा जंक्शन के पास जंगल में एक शक्तिशाली विस्फोट हुआ था। माना जा रहा है कि यह वही ब्लास्ट है जिसकी चपेट में हाथी आ गया। मनोहरपुर प्रखंड के पशुपालन पदाधिकारी डॉ. संजय घोलटकर ने बताया कि हाथी की स्थिति काफी नाजुक है और संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है।

सारंडा में बढ़ा हाथियों का खतरा

सारंडा का जंगल लंबे समय से नक्सलियों और सुरक्षा बलों के बीच संघर्ष का केंद्र रहा है। नक्सलियों द्वारा सुरक्षा बलों को नुकसान पहुंचाने के लिए बिछाए गए प्रेशर आईईडी अब तक चार हाथियों की जान ले चुके हैं। यह पांचवीं बार है जब कोई हाथी इस तरह के जाल में फंसा है। वन विभाग और विशेषज्ञों की टीम हाथी को सुरक्षित स्थान पर ले जाकर उपचार शुरू करने की कोशिशों में जुटी है, हालांकि घने जंगल और नक्सलियों की मौजूदगी के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में काफी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *