गिरिडीह. झारखंड के गिरिडीह जिले के गांडेय थाना क्षेत्र स्थित झरखट्टा गांव में सोमवार (20 जुलाई 2026) की सुबह एक दर्दनाक हादसा सामने आया. यहां जंगली मशरूम (स्थानिय भाषा में ‘खुखड़ी’) की सब्जी खाने से एक ही परिवार के सात सदस्यों की तबीयत अचानक बिगड़ गई. खुखड़ी खाने के महज पांच मिनट के भीतर सभी लोगों को तेज उल्टी, पेट दर्द और घबराहट होने लगी. स्थिति को बेकाबू होते देख परिजनों ने तुरंत सभी को गिरिडीह सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों की तत्परता और इलाज से सभी की जान बच गई.
समय रहते अस्पताल पहुंचने के कारण प्राथमिक उपचार के बाद सभी मरीजों की हालत फिलहाल खतरे से बाहर और स्थिर बताई जा रही है.
सब्जी खाते ही बिगड़ने लगी तबीयत, 3 साल की बच्ची भी शिकार
अस्पताल में भर्ती परिजनों के अनुसार, सोमवार सुबह करीब 9:00 बजे पड़ोसी के यहां से मिली खुखड़ी को घर में पकाकर परिवार के सदस्यों ने खाया था:
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बीमार पड़े सदस्य: जहरीली खुखड़ी का शिकार होने वालों में 3 वर्षीय मासूम टुकटुक कुमारी, 19 वर्षीय नेहा कुमारी, कृष्णा गोस्वामी, दशरथ गोस्वामी, गीता देवी, विशाल गोस्वामी सहित एक ही परिवार के कुल 7 लोग शामिल हैं.
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आनन-फानन में अस्पताल पहुंचे: परिवार के सदस्य अशोक गोस्वामी ने बताया कि खाना खाते ही एक-एक कर सभी को उल्टियां होने लगीं. परिजनों ने बिना कोई समय गंवाए तत्काल सभी को सदर अस्पताल में भर्ती कराया, जहां डॉक्टरों ने तुरंत स्लाइन और आवश्यक दवाएं देकर उपचार शुरू किया.
बरसात में जहरीली खुखड़ी खाने से बचें: विशेषज्ञों की अपील
घटना के बाद सदर अस्पताल के चिकित्सकों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने आम जनता से बरसात के मौसम में विशेष सावधानी बरतने की अपील की है:
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पहचान करना मुश्किल: विशेषज्ञों के अनुसार, बारिश के दिनों में जंगलों और खेतों में कई प्रकार की खुखड़ी (मशरूम) स्वतः उग आती है. इनमें से कई प्रजातियां अत्यधिक जहरीली (पॉइजनस) होती हैं, जिनकी पहचान सामान्य व्यक्ति के लिए कर पाना नामुमकिन होता है.
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गंभीर परिणाम: अनजानी या जंगली खुखड़ी खाने से लीवर और किडनी फेल होने के साथ-साथ जान जाने का भी खतरा रहता है. डॉक्टरों ने सलाह दी है कि बिना पहचान वाली खुखड़ी का सेवन बिल्कुल न करें और लक्षण दिखते ही तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे.
