रांची: अनगड़ा में बिजली संकट गहराया, 30 साल पुराने जर्जर तारों के भरोसे आपूर्ति; समाजसेवी ने दी चक्का जाम की चेतावनी

झारखंड रांची

रांची. रांची जिले के अनगड़ा क्षेत्र में इस भीषण गर्मी के बीच अनियमित बिजली आपूर्ति ने आम जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। क्षेत्र में हर दिन घंटों बिजली गुल रहने से उपभोक्ताओं में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि बिजली विभाग के अधिकारी न केवल लापरवाह हैं, बल्कि शिकायत के लिए फोन करने पर कनीय अभियंता (JE) और सहायक अभियंता (AE) फोन तक रिसीव नहीं करते हैं।

तकनीकी खामियां और ‘ब्लैकआउट’ का कारण: ग्रामीणों ने बिजली संकट के पीछे विभाग की कई बड़ी खामियां गिनाई हैं:

  • लंबा फीडर और बार-बार फॉल्ट: बेरवाड़ी सब स्टेशन से जुड़े जोन्हा फीडर की लंबाई करीब 20 किमी है, जिसके आगे सुरसू और बरवादाग जैसे सुदूर क्षेत्रों तक लाइन जाती है। लाइन में कहीं भी छोटा सा फॉल्ट होने पर पूरे फीडर की बिजली काट दी जाती है।

  • 30 साल पुराने जर्जर तार: बिजली आपूर्ति के लिए लगाए गए तार 25 से 30 साल पुराने और पूरी तरह जर्जर हो चुके हैं।

  • जंगलों के बीच से गुजरी लाइन: घने जंगलों के बीच से गुजरने वाले ये तार पेड़ों की डालियों के संपर्क में आते ही शॉर्ट सर्किट का शिकार हो जाते हैं, जिससे मरम्मत में घंटों का समय लगता है।

आंदोलन की चेतावनी: बिजली विभाग के इस रवैये के खिलाफ समाजसेवी जयराम महली ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने विभाग को एक सप्ताह का अल्टीमेटम देते हुए चेतावनी दी है:

  1. सुधार की मांग: यदि एक सप्ताह के भीतर बिजली व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई, तो ग्रामीण सड़कों पर उतरेंगे।

  2. रांची-मुरी मार्ग जाम: सुधार न होने पर रांची-मुरी मुख्य मार्ग को जाम कर उग्र आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी बिजली विभाग और स्थानीय प्रशासन की होगी।

इस भीषण गर्मी में घंटों बिजली गुल रहने से न केवल पेयजल की समस्या उत्पन्न हो रही है, बल्कि बच्चों की पढ़ाई और छोटे व्यवसायों पर भी बुरा असर पड़ रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *