जमशेदपुर. झारखंड के जमशेदपुर शहर में आम लोगों को अपनी गिरफ्त में लेने वाले साइबर ठगों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है. ताजा मामला सीतारामडेरा थाना क्षेत्र के भालूबासा स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के एटीएम का है, जहां एक शातिर अपराधी ने मदद करने का झांसा देकर एक व्यक्ति के खाते से 47,800 रुपये उड़ा लिए. इस संबंध में पीड़ित कामता प्रसाद (निवासी: रेडियो मैदान) ने रविवार को सीतारामडेरा थाने में अज्ञात ठग के खिलाफ लिखित शिकायत देकर प्राथमिकी दर्ज कराई है.
एटीएम मशीन में फंसा कार्ड, मदद के बहाने दिया चकमा
पीड़ित कामता प्रसाद ने पुलिस को बताया कि यह घटना शनिवार की है, जब वे भालूबासा स्थित एसबीआई एटीएम से नकद निकालने गए थे:
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मशीन में अटका कार्ड: ट्रांजैक्शन के दौरान तकनीकी खराबी के कारण उनका एटीएम कार्ड मशीन के अंदर ही फंस गया.
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ठग ने दी गलत सलाह: पीड़ित को परेशान देख वहां पहले से मौजूद एक अज्ञात शातिर व्यक्ति ने मदद का नाटक किया. उसने कामता प्रसाद को झांसा देते हुए कहा कि वे तुरंत बैंक के अंदर जाकर अधिकारियों से इसकी शिकायत करें, तब तक वह यहीं खड़ा है.
बैंक की तरफ कदम बढ़ाते ही आने लगे पैसे कटने के मैसेज
ठग की बातों में आकर कामता प्रसाद जैसे ही शिकायत दर्ज कराने के लिए बैंक परिसर की ओर बढ़े, उनके मोबाइल पर ताबड़तोड़ पैसे कटने के अलर्ट मैसेज आने शुरू हो गए. शातिर अपराधी ने पीड़ित के हटते ही मशीन से छेड़छाड़ कर या पिन नंबर (PIN) भांपकर उनके खाते से कुल 47,800 रुपये उड़ा लिए और मौके से रफूचक्कर हो गया. जब तक पीड़ित कुछ समझ पाते और अपना कार्ड ब्लॉक करवाते, तब तक ठग अपना काम कर चुका था.
सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस, सुरक्षा पर उठे सवाल
वारदात की सूचना मिलने के बाद सीतारामडेरा थाना पुलिस तुरंत भालूबासा स्थित घटनास्थल पर पहुंची और मामले की छानबीन शुरू की.
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फुटेज की जांच: पुलिस ने एसबीआई एटीएम के अंदर और बाहर की सड़कों पर लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों के फुटेज खंगाले हैं, ताकि संदिग्ध आरोपी का हुलिया और पहचान साफ हो सके.
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जल्द गिरफ्तारी का दावा: थाना प्रभारी ने बताया कि तकनीकी इनपुट और फुटेज के आधार पर शातिर अपराधी के संभावित ठिकानों का पता लगाया जा रहा है और उसे जल्द ही सलाखों के पीछे भेजा जाएगा.
इस घटना के बाद से स्थानीय उपभोक्ताओं और व्यापारियों में एटीएम सेंटरों पर सुरक्षा गार्डों की तैनाती और बैंक सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गहरी चिंता और नाराजगी देखी जा रही है.
