रांची. झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा ने पश्चिम बंगाल सरकार और सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) पर तीखा हमला बोला है. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के साथ बंगाल दौरे के दौरान हुए व्यवहार को उन्होंने बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और लोकतंत्र के लिए शर्मनाक करार दिया. अर्जुन मुंडा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि संविधान की दुहाई देने वाले लोगों द्वारा देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद का अपमान किया जाना गंभीर चिंता का विषय है. उन्होंने स्पष्ट किया कि राष्ट्रपति का पद दलगत राजनीति से ऊपर होता है और हर परिस्थिति में इसकी मर्यादा बनाए रखना सभी राजनीतिक दलों की सामूहिक जिम्मेदारी है.
अर्जुन मुंडा ने विशेष रूप से जोर देते हुए कहा कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू देश की पहली आदिवासी महिला राष्ट्रपति हैं, ऐसे में उनके साथ किया गया दुर्व्यवहार केवल एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि पूरे आदिवासी समाज और मातृशक्ति का अपमान है. उन्होंने कहा कि इस घटना से देश के करोड़ों लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं और यह हमारी लोकतांत्रिक संस्कृति पर एक गहरा दाग है. पूर्व केंद्रीय मंत्री ने बंगाल सरकार की कुत्सित मानसिकता की आलोचना करते हुए कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन सम्मान की सीमाएं कभी नहीं टूटनी चाहिए. उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसी घटनाएं समाज में गलत संदेश देती हैं और संवैधानिक संस्थाओं के प्रति विश्वास को कमजोर करती हैं.
